भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पद का चुनाव जल्द किया जा सकता है
भोपाल । भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पद का चुनाव जल्द किया जा सकता है। संसद का सत्र शुक्रवार को समाप्त हो गया। ऐसे में अब प्रदेश अध्यक्ष पद के चुनाव की तारीख की घोषणा की जा सकती है। पार्टी सूत्रों के अनुसार भाजपा की योजना इसी माह के पहले पखवाड़े में प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव कराने की है। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का भी चुनाव होना है और इससे पहले मध्य प्रदेश समेत अन्य राज्यों में प्रदेश अध्यक्षों की नियुक्ति होना है। ऐसे में अब चर्चा है कि अगले सप्ताह प्रदेश अध्यक्ष के चुनाव की तारीख की घोषणा हो सकती है, जिसके बाद प्रदेश अध्यक्ष के नाम घोषित किया जा सकता है। मध्य प्रदेश में दो महीने पहले जिला अध्यक्षों के चुनाव हो चुके हैं। सामान्य प्रक्रिया के अनुसार, प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव जिला अध्यक्षों के चुनाव के तुरंत बाद किया जाना था, लेकिन दिल्ली विधानसभा चुनाव समेत कई कारणों से इसे टाल दिया गया। अब प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव जल्द होने की बात कही जा रही है। ऐसे में दावेदारों के नामों को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। प्रदेश अध्यक्ष की रेस में पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा, अरविंद भदौरिया, बैतूल से विधायक हेमंत खंडेलवाल, सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते और राज्यसभा सदस्य सुमेर सिंह सोलंकी समेत अन्य नेताओं के नाम चर्चा में हैं।
आदिवासी नेता को मिल सकता है मौका
भाजपा संगठन आदिवासी चेहरे को भी मौका दे सकता है, क्योंकि लंबे समय से आदिवासी नेता को प्रदेश भाजपा की कमान नहीं सौंपी गई है। एससी वर्ग से सत्यनारायण जटिया प्रदेश अध्यक्ष बने, लेकिन आदिवासी वर्ग को प्रतिनिधित्व नहीं मिल सका। इसका एक कारण जातिगत समीकरण को ध्यान में रखते हुए आदिवासी वर्ग को मौका देना भी माना जा रहा है। प्रदेश में ओबीसी वर्ग से मुख्यमंत्री होने के अलावा डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ब्राह्मण और जगदीश देवड़ा एससी वर्ग से आते हैं। वीडी शर्मा सामान्य वर्ग से आते हैं। इस बार आदिवासी नेता को प्रदेश अध्यक्ष बनाने की अटकलें है। इसमें राज्यसभा सांसद सुमेर सिंह सोलंकी, खरगोन से सांसद गजेंद्र पटेल, मंडला से सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते के नाम चर्चा में है।
हेमंत खंडेलवाल- बैतूल से विधायक और पूर्व सांसद हेमंत खंडेलवाल का नाम भी प्रदेश अध्यक्ष की दौड़ में शामिल है। वह प्रदेश संगठन में लंबे समय से काम कर रहे है। संगठन के ही वरिष्ठ नेताओं ने उनका नाम बढ़ाया है। खंडेलवाल को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और संघ की पसंद भी बताया जा रहा है।
नरोत्तम मिश्रा- पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा की दावेदारी काफी मजबूत मानी जा रही है। वे सवर्ण वर्ग से आते हैं और राज्य की राजनीति में लंबे समय से सक्रिय हैं। उनकी केंद्रीय नेतृत्व से भी अच्छी ट्यूनिंग मानी जाती है।
वीडी शर्मा- वर्तमान प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा का नाम भी रेस में हैं, क्योंकि उनके कार्यकाल में बीजेपी ने विधानसभा और लोकसभा चुनाव में अच्छा प्रदर्शन किया था। पार्टी एक बार फिर उनके नाम पर विचार कर सकती है।
अरविंद भदौरिया- पूर्व मंत्री अरविंद भदौरिया संगठन के एक कुशल रणनीतिकार माने जाते हैं। हालांकि, वह 2023 के विधानसभा चुनाव में हार गए थे, लेकिन पार्टी उन्हें एक बार फिर सक्रिय करना चाहती है।

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