बाजार में 10 से 20 लाख रुपये कीमत की कारों ने बनाई जगह
नई दिल्ली। भारतीय कार बाजार में अब 10 से 20 लाख रुपये की रेंज में आने वाली कारों ने अपनी खास जगह बना ली है। इन कारों में न केवल दमदार फीचर्स हैं, बल्कि साइज, परफॉर्मेंस और किफ़ायत के लिहाज़ से भी ये खरीदारों को खूब लुभा रही हैं। खास बात यह है कि इस मूल्य वर्ग में कॉम्पैक्ट एसयूवी से लेकर एमपीवी तक कई सेगमेंट के मॉडल मिलते हैं। कॉम्पैक्ट एसयूवी सेगमेंट में हाल ही में लॉन्च हुई किआ सिरोस ने बाजार में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। इसकी कीमत 9 लाख रुपये से शुरू होकर 17.80 लाख रुपये तक जाती है। इसमें ट्रिनिटी पैनोरमिक डिस्प्ले, डुअल सनरूफ और लेवल-2 अडास जैसे फीचर्स दिए गए हैं।
सिरोस पेट्रोल और डीजल दोनों विकल्पों में उपलब्ध है, जिसमें मैनुअल और ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन शामिल हैं। मिड-साइज़ एसयूवी की बात करें तो हुंडई क्रेटा इस सेगमेंट में लंबे समय से बादशाह बनी हुई है। 11.11 लाख से शुरू होकर 20.50 लाख रुपये तक की कीमत वाली इस एसयूवी में तीन इंजन विकल्प मिलते हैं और यह पेट्रोल व डीजल दोनों में उपलब्ध है। वहीं, सेडान पसंद करने वालों के लिए वोक्सवैगन वर्टस एक शानदार विकल्प है। इसकी कीमत 11.56 लाख से लेकर 19.40 लाख रुपये तक है। इसमें 40 से अधिक सेफ्टी फीचर्स के साथ-साथ शानदार इंटीरियर और टर्बो पेट्रोल इंजन के दो विकल्प मौजूद हैं। अगर किसी को 7-सीटर एमपीवी चाहिए तो मारुति सुजुकी एर्टिगा सबसे भरोसेमंद नाम है।
इसकी कीमत 8.84 लाख से 13.13 लाख रुपये तक है। पेट्रोल और सीएनजी दोनों विकल्पों में उपलब्ध एर्टिगा का माइलेज शानदार है और यह देश की सबसे अधिक बिकने वाली एमपीवी बन चुकी है। इन चारों सेगमेंट में इन कारों की लोकप्रियता यह दिखाती है कि 10 से 20 लाख की रेंज अब भारत में नई कार खरीदारों की पहली पसंद बनती जा रही है। बता दें कि भारतीय यात्री वाहन क्षेत्र में आज खरीदारों के पास हर कीमत और सेगमेंट में भरपूर विकल्प मौजूद हैं। एक समय था जब 10 लाख रुपये से कम की कारों की मांग सबसे अधिक थी।

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