इंदौर में अवैध पोस्टर-पोलिटिक्स गरमाई, कैलाश विजयवर्गीय के बयान के बाद नगर निगम एक्शन मोड में
इंदौरः जिले के चंदन नगर क्षेत्र में बिना अनुमति के लगे धर्म विशेष के बोर्डों को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। यहां स्थानीय पार्षद द्वारा गलियों और सड़कों के नाम बदलकर नए बोर्ड लगाए गए थे। इनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल होते ही मामला सियासी रंग ले बैठा। दरअसल, पार्षद फातमा रफीक ख़ान द्वारा नगर निगम की अनुमति लिए बिना ही गोसिया रोड, सकीना मंजिल, रजा गेट और ख्वाजा गेट नाम से बोर्ड लगाए गए थे। यह कार्रवाई निगम की अनुमति और एमआईसी के प्रस्ताव के बिना की गई थी
आकाश विजयवर्गीय ने निगम को लिखा पत्र
मामला सामने आने के बाद पूर्व विधायक और मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के पुत्र आकाश विजयवर्गीय ने निगमायुक्त को पत्र लिखकर तत्काल कार्रवाई की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो वे उग्र आंदोलन करेंगे। आकाश विजयवर्गीय ने इसे संवेदनशील मुद्दा बताते हुए कहा कि बिना अनुमति के ऐसे नामकरण और बोर्ड लगाना कानून के खिलाफ है।
महापौर ने दिए एफआईआर के निर्देश
सोशल मीडिया पर तस्वीरें वायरल होने के बाद महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने तुरंत एक्शन लिया। उन्होंने निगम अधिकारियों को सभी अवैध बोर्ड हटाने के निर्देश दिए। साथ ही, महापौर ने कहा कि शहर में सड़कों का नामकरण, मूर्तियों की स्थापना और बोर्ड लगाने का अधिकार केवल एमआईसी के पास है। बिना प्रस्ताव पारित किए ऐसे कदम उठाना असंवैधानिक है।
पार्षद पति ने दी सफाई
बढ़ते विवाद के बीच पार्षद फातमा रफीक खान के पति ने वीडियो जारी कर सफाई दी। उन्होंने कहा कि जिन बोर्डों को लेकर विवाद हो रहा है, वे नाम नए नहीं हैं बल्कि वर्षों से क्षेत्र इन्हीं नामों से पहचाना जाता रहा है। उन्होंने कहा कि बोर्ड निगम द्वारा लगाए गए थे । फिलहाल, निगम की टीम ने सभी विवादित बोर्ड हटाना शुरू कर दिए हैं और पार्षद के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।

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