धान खरीदी केंद्रों में किसानों को दी जा रही सुविधाओं और सुगम व्यवस्था से किसानों को राहत
रायपुर : राज्य शासन की किसान हितैषी नीतियों और पारदर्शी व्यवस्था का सकारात्मक असर अब जमीनी स्तर पर साफ दिखाई देने लगा है। धान खरीदी केंद्रों में किसानों को दी जा रही सुविधाएँ और सुगम व्यवस्था किसानों के लिए बड़ी राहत लेकर आई है। इस साल धान बेचने की सहज-सरल व्यवस्था के अनुभव से गुजर चुकी बेमेतरा के ग्राम खाती की किसान मैना बाई साहू बताती हैं कि पहली बार उपार्जन केंद्र में इतनी सहजता से धान की बिक्री हुई। उन्होंने सेवा सहकारी समिति मर्यादित खाती में इस वर्ष 21 क्विंटल धान बेचा है।
मैना बाई बताती हैं कि धान तौलाई तथा टोकन से लेकर भुगतान तक की पूरी प्रक्रिया इतनी सरल और पारदर्शी रही कि सब कुछ तेजी से हो गया। पहले धान बेचने के लिए बहुत भाग-दौड़ करनी पड़ती थी। कभी लाइन में लंबा इंतजार... कभी कागजों की दिक्कत... लेकिन इस बार सोसाइटी में व्यवस्था बहुत अच्छी थी। सभी अधिकारी और कर्मचारी पूरा सहयोग कर रहे थे। समय पर मेरी धान की तौलाई हुई, मुझे बिलकुल भी परेशानी नहीं हुई।
मैना बाई कहती हैं कि इस बार सरकार ने किसानों के लिए अच्छी व्यवस्था की है। धान खरीदी केंद्र में पेयजल, बैठने की व्यवस्था, सही तौल, टोकन सिस्टम, भुगतान की समयबद्धता जैसी सुविधाओं ने किसानों का भरोसा बढ़ाया है। वे धान खरीदी की अच्छी व्यवस्था के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और छत्तीसगढ़ शासन को धन्यवाद देते हुए कहती हैं कि अब किसान बेफिक्र होकर धान बेच पा रहे हैं। राज्य में धान खरीदी की मजबूत और सुव्यवस्थित व्यवस्था इस बात का प्रमाण है कि सरकार किसानों को उनकी मेहनत का वाजिब दाम देने के लिए हर स्तर पर तत्पर है।

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