मंडोली जेल में 3 माह में तीन मौतें: अपराध, नशा और उगाही का अड्डा बनी हाई सिक्योरिटी जेल
नई दिल्ली। अपराधियों को सुधारने और समाज की मुख्यधारा में वापस लाने के लिए बनाई गई जेलें अगर खुद अपराध, नशे और उगाही का अड्डा बनने लगें, तो यह पूरे सिस्टम पर गंभीर सवाल खड़े करता है। राजधानी की हाई सिक्योरिटी मानी जाने वाली मंडोली जेल इन दिनों ठीक ऐसे ही आरोपों के घेरे में है। पिछले तीन महीनों में तीन विचाराधीन कैदियों की मौत ने न केवल सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है, बल्कि जेल के भीतर नशे के कारोबार और अवैध वसूली के संगठित नेटवर्क की आशंका को भी मजबूत कर दिया है। हालात ऐसे हैं कि हाई सिक्योरिटी कही जाने वाली इस जेल में आखिर क्या चल रहा है, इसका जवाब खुद जेल प्रशासन के पास नहीं दिख रहा। लगातार सामने आ रहे मामलों में मृतकों के स्वजनों ने एक जैसे आरोप लगाए हैं। जेल के भीतर नशीला पदार्थ आसानी से उपलब्ध है, कैदियों के साथ मारपीट होती है और पैसे की मांग की जाती है।

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